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  • सर्वनाम (Pronoun) की परिभाषा, भेद और उदाहरण

    नमस्कार, सभी लोगों का हार्दिक स्वागत करते हैं आज के अध्याय – सर्वनाम (Pronoun) मे, इस अध्याय मे हम सर्वनाम (Pronoun)के बारे मे जानने का प्रयास करेंगे। और आशा करेंगे की आप इस पोस्ट को पढ़ने के बाद सर्वनाम (Pronoun) के बारे मे सब कुछ सीख चूकें होंगे।
    सर्वनाम (Pronoun)
    सर्वनाम (Pronoun)

    ऐसे शब्द जिनका प्रयोग हम संज्ञा कि जगह पर प्रयोग करने में करते हैं उन सभी शब्दों को हम सर्वनाम कहते हैं। 

    उदाहरण के लिए नीचे दिये गए वाक्यों के पढ़िए:

    सर्वनाम (Pronoun)
    इमेज सोर्स – Google

    1. यह श्री राम का चित्र है
    2. वे दशरथ के पुत्र थे।
    3. अपने पिता कि आज्ञा मानकर वे चौदह वर्षों के लिए बन में गए।
    4. वन में अनेक राक्षस उनके द्वारा मारे गए।
    5. लंका का राजा रावण उनकी पत्नी सीता माता को हर ले गया।
    6. उन्होंने लंका पर चढ़ाई कर दी।
    7. वानर सेना उनके साथ थी।
    8. वानर सेना ने उनके लिए समुद्र पर पत्थरों का पल बनाया।
    9. उन्होंने रावण का वध किया।
    10. हम उन्हें प्रणाम करते हैं।

    • मैं
    • तुम
    • वह
    • आप
    • कौन
    • जो
    • सो
    • वे
    • हम
    • कोई 

    इत्यादि जैसे शब्द सर्वनाम है।

    सर्वनाम के भेद

    सर्वनाम निम्नलिखित छ: प्रकार के होते हैं।
    1. पुरुषवाचक सर्वनाम (Personal Pronoun)
    2. निश्चयवाचक सर्वनाम (Personal Pronoun)
    3. अनिश्चयवाचक सर्वनाम (Personal Pronoun)
    4.  सम्बन्धवाचक सर्वनाम (Personal Pronoun)
    5. प्रश्नवाचक सर्वनाम (Personal Pronoun)
    6. निजवाचक सर्वनाम (Personal Pronoun)

    पुरूषवाचक सर्वनाम

    मैंने तुम्हें बताया कि वह आज विद्यालय नहीं आएगी। इस वाक्य में तीन सर्वनाम हैं – मैंने, तुम्हें और वह।
    इनमे ‘मैं’ कहने या बोलने वाले के लिए; ‘तुम’ – सुनने वाले के लिए तथा ‘वह’ अन्य पुरुष के लिए प्रयोग मे लिए गए हैं। ये सभी पुरुषवाचक सर्वनाम हैं। इनके आधार पर पुरुषवाचक सर्वनामों के तीन भेद किए गए हैं
    • उत्तम पुरुषवाचक (First Person)
    • मध्यम पुरुषवाचक (Second Person)
    • अन्य पुरुषवाचक (Third Person)

    उत्तम पुरुष वाचक:

    • मैंने पत्र लिखा
    • हम इस विद्यालय में पढ़ते हैं।
    • रमेश ने हमें तीन चित्र दिये
    इन वाक्यों में ‘मैंने’, ‘हम’ और ‘हमें’ शब्द बोलने वाले ने (कहने वाले ने) अपने लिए प्रयोग किए हैं: ये तीनों शब्द उत्तमपुरुष वाचक हैं। बोलने वाला जिन शब्दों को अपने लिए प्रयोग मे लाये वे उत्तम पुरुष वाचक सर्वनाम कहलाते हैं।

    मध्यमपुरुष वाचक:

    • तू क्या कर रहा है?
    • तुम क्या कर रहे हो?
    • आपका नाम क्या है?
    इन वाक्यों मेन ‘तू’, ‘तुम’ और ‘आपका’ शब्द बोलने वाले ने, सुनने वाले के लिए प्रयुक्त किए हैं, अत: ये तीनों मध्यपुरुष वाचक हैं।

    अन्यपुरुष वाचक:

    • वह कहाँ जा रहा है?
    • वे क्या कर रहे हैं?
    • यह यहीं रहता है।
    इन वाक्यों में ‘वह’, ‘वे’ और ‘यह’ शब्द बोलने वाले ने अन्य पुरुष के लिए प्रयुक्त किए हैं, अत: ये अन्यपुरुष वाचक हैं। बोलने वाला जिन शब्दों को न तो अपने लिए और न सुनने वाले के लिए प्रयोग करे बल्कि अन्य किसी पुरुष के लिए प्रयोग करे, वे अन्य पुरुष वाचक सर्वनाम कहलाते हैं।
    जो सर्वनाम शब्द बोलने वाले, सुनने वाले अथवा जिसके बारे मे कुछ कहा जाए, उसके लिए प्रयुक्त हों, पुरूषवाचक सरनाम कहलाते हैं।

    निश्चयवाचक सर्वनाम

    • यह मेरी घड़ी है।
    • वह राम का विद्यालय है।
    • यह तो गीता है।
    इन तीनों वाक्यों में ‘यह’ तथा ‘वह’ शब्द किसी व्यक्ति या वस्तु की ओर निश्चयपूर्वक संकेत कर रहे हैं, अत: ये निश्चयवाचक सर्वनाम कहते हैं। निश्चयवाचक सर्वनाम को संकेतवाचक सर्वनाम भी कहा जाता है।

    अनिश्चयवाचक सर्वनाम 

    • राम से कोई मिलने आया है।
    • भिखारी को कुछ दे दो।
    इन वाक्यों में ‘कोई’ और ‘कुछ’ शब्दों से किसी विशेष वस्तु या व्यक्ति का निश्चय नहीं हो रहा है, अत: ये अनिश्चयवाचक सर्वनाम हैं। जो सर्वनाम किसी निश्चित व्यक्ति की ओर संकेत न करे या जिससे किसी निश्चित व्यक्ति य वस्तु का बोध न हो, उसे अनिश्चयवाचक सर्वनाम कहा जाता है।

    सम्बन्धवाचक सर्वनाम 

    • जो कमाएगा, सो खाएगा
    • जो पढ़ेगा, वह पास होगा,
    • जैसा किया है, वैसा भरो
    इन वाक्यों में ‘जो, सो’, ‘जो, वह’ तथा ‘जैसा, वैसा’ शब्द आए हैं जो दो सर्वनामों  में सम्बंध बताते हैं। इनमें जो, जैसा सम्बंधवाचक सर्वनाम हैं। जो सर्वनाम शब्द वाक्य मे किसी दूसरे सर्वनाम से संबंध बताता है, वह संबंधवाचक सर्वनाम  कहलाता है।

    प्रश्नवाचक सर्वनाम

    • कुर्सी पर कौन बैठा है?
    • तुमने आज क्या पढ़ा है?
    • राम के जेब में क्या है?
    इन वाक्यों में ‘कौन’ तथा ‘क्या’ सर्वनाम शब्द प्रश्न पूछने के काम आ रहा है। इनके द्वारा वाक्य प्रश्न वाचक बन गए हैं। ये प्रश्नवाचक सर्वनाम है। जिन सर्वनाम शब्दों का प्रयोग प्रश्न पुछने के लिए किया जाता है, वे प्रश्नवाचक सर्वनाम कहलाते हैं।

    निजवाचक सर्वनाम

    • मैं आप ही चला जाऊंगा।
    • तुम्हें स्वयं यह कार्य करना पड़ेगा।
    • उसने आपने आप पत्र लिखा था।
    इन वाक्यों में ‘आप’, ‘स्वयं’ और ‘अपने आप’ शब्ध निजवाचक सर्वनाम हैं, क्योंकि ये वाक्य के कर्ता के साथ अपनापन बतलाने के लिए प्रयोग किए गए हैं। जो सर्वनाम वाक्य के कर्ता के साथ अपनापैन बतलाने के लिए आते हैं, उन्हें निजवाचक सर्वनाम कहा जाता है। 
    विशेष – ‘आपशब्द का प्रयोग मध्यम पुरुष तथा अन्य पुरुष (आदरसूचक) के रूप मे भी किया जाता है उदाहरण के लिए जैसे – 
    • आप कब आए? (मध्यम पुरुष, आदरसूचक)
    • आप सुरेश के पिता हैं? (अन्य पुरुष, आदरसूचक)
    • मैं यह चित्र आप बना लूँगा।  (निजवाचक) 
    सर्वनामों की रूप – रचना
    पुरुषवाचक, उत्तम पुरुष ‘मैं’ शब्द

    कारक

    एक वचन

    बहुवचन

    कर्ता

    मैं, मैंने

    हम, हमने, हम लोग, हम लोगों ने

    कर्म

    मुझे, मुझको

    हमें, हमको, हम लोगों को

    करण

    मुझसे, मेरे द्वारा

    हमसे, हमारे द्वारा, हम लोगों से

    संप्रदान

    मुझे, मुझको, मेरे लिए

    हमारे लिए, हम लोगों के लिए

    अपादान

    मुझसे

     हमसे, हम लोगों से

    संबंध

    मेरा, मेरी, मेरे 

     हमारा, हमारी, हमारे

    अधिकरण

     मुझ में, मुझ पर

     हममें, हम पर

    सम्बोधन

     –

    पुरुषवाचक, मध्यम पुरुष ‘तू’ शब्द

    कारक

    एक वचन

    बहुवचन

    कर्ता

    तू, तूने

    तुम, तुमने, तुम लोग, तुम लोगों ने

    कर्म

    तुझे, तुझको

    तुम्हें, तुमको, तुम लोगों से

    करण

    तुझसे, तेरे द्वारा तुमसे, तुम्हारे द्वारा, तुम लोगों से

    संप्रदान

    तेरे लिए

    तुम्हारे लिए, तुम लोगों के लिए

    अपादान

    तुझसे 

    तुमसे, तुम लोगों से

    संबंध

    तेरा, तेरी, तेरे

    तुम्हारा, तुम्हारी, तुम्हारे

    अधिकरण

    तुझमें, तुझ पर

    तुममें, तुम पर

    सम्बोधन

     –

    पुरुषवाचक, अन्य पुरुष ‘वह’ शब्द

    कारक

    एक वचन

    बहुवचन

    कर्ता

    वह, उसने

    वे, उन्होने, वे लोग, उन लोगों ने

    कर्म

    उसे , उसको 

    उन्हें, उनको, उन लोगों को

    करण

    उससे, उसके द्वारा

    उनसे, उनके द्वारा, उन लोगों के द्वारा

    संप्रदान

    उसके लिए, उसको

    उनके लिए, उनको, उन लोगों के लिए

    अपादान

    उससे

    उनसे, उन लोगों से 

    संबंध

    उसका, उसके, उसकी

    उनका, उनकी, उनके, उन लोगों का, के, की

    अधिकरण

    उसमें, उस पर

    उनमें, उन पर, उन लोगों में, उन लोगों पर

    सम्बोधन

     –

    संबंध शब्द ‘जो’

    कारक

    एक वचन

    बहुवचन

    कर्ता

    जो, जिसने,

    जो, जिन्होंने, जिन लोगों ने

    कर्म

    जिसे, जिसको

    जिन्हें, जिनको, जिन लोगों को

    करण

    जिससे, जिसके द्वारा

    जिनसे, जिनके द्वारा, जिन लोगों के द्वारा

    संप्रदान

    जिसके लिए, जिसको

    जिनके लिए, जिनको, जिन लोगों के लिए

    अपादान

    जिससे

    जिनसे, जिन लोगों से

    संबंध

    जिसका, जिसके, जिसकी

    जिनका, जिनके, जिनकी, जिन लोगों का/के/की

    अधिकरण

    जिसमें, जिस पर

    जिनमें, जिन पर, जिन लोगों में, पर

    सम्बोधन

     –

    निश्चयवाचक शब्द ‘यह’

    कारक

    एक वचन

    बहुवचन

    कर्ता

    यह, इसने

    ये, इन्होंने, इन लोगों ने

    कर्म

    इसे, इसको

    इन्हें, इनकी, इन लोगों को

    करण

    इससे, इसके द्वारा

    इनसे, इन लोगों से, इन लोगों के द्वारा

    संप्रदान

    इसके लिए, इसको

    इनके लिए, इन लोगों के लिए

    अपादान

    इससे

    इनसे, इन लोगों से

    संबंध

    इसका, इसके, इसकी

    इंका, इनके, इनकी, इन लोगों का/के/की

    अधिकरण

    इसमें, इस पर

    इनमें, इन पर, इन लोगों में/पर

    सम्बोधन

     –

    अनिश्चयवाचक शब्द ‘कोई’

    कारक

    एक वचन

    बहुवचन

    कर्ता

    कोई, किसी ने

    किन्हीं ने

    कर्म

    किसी को

    किन्हीं को

    करण

    किसी से, किसी के द्वारा

    किन्हीं से, किन्हीं के द्वारा

    संप्रदान

    किसी को, किसी के लिए

    किन्हीं को, किन्हीं के द्वारा

    अपादान

    किसी से

    किन्हीं से

    संबंध

    किसी का, किसी के, किसी की

    किन्हीं का, किन्हीं की, किन्हीं के

    अधिकरण

    किसी में, किसी पर

    किन्हीं में, किन्हीं पर

    सम्बोधन

     –

    प्रश्नवाचक शब्द ‘कौन’

    कारक

    एक वचन

    बहुवचन

    कर्ता

    कौन, किसने

    किन्होंने, किन लोगों ने

    कर्म

    किसे, किसको

    किन्हें, किनको, किन लोगों को

    करण

    किससे, किसके द्वारा

    किनसे, किन लोगों से, किन लोगों द्वारा

    संप्रदान

    किसके लिए, किसको

    किनके लिए, किन लोगों के लिए, 

    अपादान

    किससे

    किनसे, किन लोगों से

    संबंध

    किसका, किसकी, किसके

    किनका, किनकी, किनके, किन लोगों का/के/की

    अधिकरण

    किसमें, किस पर

    किनमें, किन पर, किन लोगों में, पर

    सम्बोधन

     –

    सर्वनाम के विषय में ध्यान रखने योग्य बातें:
    1. आदर के लिए संज्ञाओं की भांति सर्वनाम का प्रयोग भी बहुवचन की भांति होता है
    2. आजकल ‘मैं’ के स्थान पर ‘हम’ का प्रयोग किया जाने लगा है।
    3. ‘तू’ का प्रयोग अब नहीं के बराबर होता है। हाँ,  बहुत अधिक प्रेम या निकटता तथा अनादर प्रकट करने के लिए कभी कभी इसका प्रयोग किया जाता है।
    4. शिष्टाचार के लिए एक व्यक्ति के लिए ‘तू’ के स्थान पर ‘तुम’ का प्रयोग किया जाता है।
    5. लेखक, अधिकारीगण तथा राजा-महाराजा अपने लिए ‘मैं’ के स्थान पर ‘हम’ का प्रयोग ही करते हैं।
    6. आदर के लिए बहुवचन प्रयोग में ‘आप’ के साथ कभी – कभी ‘लोग’ भी जोड़ा जाता है।
    7. सम्बन्धवाचक शब्दों में ‘जो-सो’ के स्थान पर अब ‘जो-वह’ का प्रयोग किया जाने लगा है।
    8. ‘कोई’ के साथ कभी कभी ‘सब’ और ‘हर’ विशेषणों का प्रयोग भी किया जाता है।
    9. बल देने के लिए दो ‘कोई’ तथा दो ‘कुछ’ के बीच में ‘न’ लगा दिया जाता है।
    10. उल्टा अर्थ सूचित करने के लिए ‘कुछ का कुछ’ प्रयोग किया जाता है।

    अभ्यास

    1. सर्वनाम की परिभाषा सोदाहरण दीजिये।
    2. काले (मोटे) छपे शब्दों के स्थान पर उचित सर्वनामों का प्रयोग कीजिये:
    (क) कविता ने कविता की सखी विमला से कहा कविता आज बीमार है तथा कविता को डॉक्टर के पास जाना है अत: कविता आज विद्यालय नहीं जा सकेगी, इसलिए कविता का दो दिन के अवकाश का प्रार्थना पत्र ले जाना।
    (ख) राम ने श्याम से पूछा, ‘राम कल मेला देखने जाएगा। क्या श्याम भी राम के साथ चलेगा?’ श्याम ने राम को  बताया “श्याम को घर पर कुछ कार्य है; अत: राम कल अकेला जाएगा। श्याम राम के साथ फिर कभी चलेगा” 
    3. पुरूषवाचक सर्वनाम के भेद सोदाहरण दीजिये।
    4. निम्नलिखित सर्वनामों के रूप सभी कारकों तथा वचनों में लिखिए: – मैं, जो, तू।
    5. रिक्त स्थानों की पूर्ति सर्वनाम शब्द के उचित रूप द्वारा कीजिये:
    • यह _________ घर है।   (मैं)
    • __________ दया कीजिये। (मैं) 
    • यह पुस्तक ________________ है? (तू, बहुवचन) 
    • ____________ यह काम करना पड़ेगा।  (तू, एकवचन)
    • मैंने _________ एक चित्र दिया । (वह, एकवचन)
    • यह कार्य _____________ किया  गया। (वह, बहुवचन)
    • विश्वास नहीं हो रहा तो _______ तुम पढ़ लो। (यह, एकवचन)
    • तुम्हारी किताबें ____ नहीं हैं। (यह, बहुवचन)
    • अध्यापक जी ____________ पढ़ा रहे हैं। (कौन, एक वचन)
    • _______ हमें आवाज दी?  (कौन, एकवचन)
    • तुम्हें ___________ बुलाया है । (कोई, एकवचन)
    • _________ चोरी की है ________ दण्ड मिलेगा । (संबंधवाचक शब्द)
    6. ‘आप’ शब्द का प्रयोग पुरूषवाचक तथा निजवाचक सर्वनाम के रूप में करते हुए पाँच-पाँच वाक्य बनाइये
    7. वाक्यों को शुद्ध करके लिखिए :
    • इसका नाम मेरे को मालूम नहीं।
    • इस कमरे में कौन का सम्मान है?
    • वह ने यह कार्य किया।
    • वे हमसे कहे थे।
    • कौन ने पुस्तक चुराई है ?
    8. निम्नलिखित वाक्यों में काले (मोटे छपे) सर्वनाम शब्दों के भेद का निर्देश कीजिये:
    • आपका घर कौन-सा है?
    • वह घर अपने आप ही आयेगा।
    • तुम्हारी पुस्तक यह नहीं वह है।
    • वह आज विद्यालय नहीं आया।
    9. रिक्त स्थानों में उचित सर्वनाम शब्द भरिए:
    • क्या तुमने ______ भी भुलाया है (वह)
    • दर्द के मारे ____ चला नहीं जा रहा । (वह)
    • _______ सुंदर कार्यक्रम प्रस्तुत किया (वे)
    • पिताजी, आप यह खिलौना _____ लाए हैं ? ( कौन)
    • ______ भी प्रश्न हल नहीं किया जा सका । (कोई)
    • _____ पिता जी ने यह पुस्तक दी है। (यह)
    • ____ कार्यक्रम में भाग लेना है, वह आगे आ जाए । (जो)
    10.नीचे दिये गए वाक्यों में से सर्वनाम छांटिए तथा उनका भेद भी स्पष्ट कीजिए :
    • द्वितीय विश्व – युद्ध के कारण उन्हें भारत वापस आना पड़ा था।
    • डाकुओं ने 1977 में अपने हथियार फेंक दिये।
    • जो परतंत्र होगा सा अपने बंधनों को तोड़ फेंकना चाहेगा।
    • इसे ले जाओ और पंद्रह बेंत लगाकर छोड़ दो।
    • आप मृत्यु का भय छोड़ दें।
    • यह द्वीप बेहद पसंद आया।
    • जाके हिरदै साँच है ताके हिरदै आप।
    • यदि माहम को मुझे सौंप दोगे, तो बच जाओगे।
    • आम का यह पेड़ आपके दादा का रोपा हुआ है।
    • क्यों जी? तुमने इसमें क्या देखा?
    • देखूँ कौन करेगा नीचा मेरा उन्नत भाल अमर यह?
    अगर आपको हिन्दी भाषा में तकनीकी ज्ञान चाहिए तो आप हमारी वैबसाइट आओ हिन्दी में सीखें देख सकते हैं।

    Hari Mohan

    भारतीय भाषा में व्याकरण संबंधी सुधार हेतु बनाई गयी

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